UPSSSC लेखपाल पाठ्यक्रम
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UPSSSC लेखपाल पाठ्यक्रम 2026, सिलेबस PDF डाउनलोड करें

UPSSSC लेखपाल पाठ्यक्रम उत्तर प्रदेश में लेखपाल (राजस्व लेखाकार) के रूप में सरकारी नौकरी पाने की तैयारी कर रहे उम्मीदवारों के लिए तैयारी की आधारशिला है। वर्ष 2026 की भर्ती प्रक्रिया शुरू होने के साथ, सिलेबस और परीक्षा पैटर्न की गहरी और स्पष्ट समझ होना पहले से कहीं अधिक आवश्यक हो गया है, ताकि अभ्यर्थी हजारों प्रतिस्पर्धियों से आगे निकल सकें। इस विस्तृत लेख में हम प्रत्येक विषय क्षेत्र का विस्तार से विवरण, उसके महत्व का विश्लेषण और आपकी तैयारी को प्रभावी व कुशल बनाने के लिए रणनीतिक मार्गदर्शन प्रस्तुत करते हैं।


UPSSSC लेखपाल पाठ्यक्रम क्या है?

UPSSSC लेखपाल सिलेबस में सामान्य हिंदी, गणित, सामान्य ज्ञान, ग्रामीण विकास, कंप्यूटर एवं सूचना प्रौद्योगिकी और उत्तर प्रदेश राज्य से संबंधित ज्ञान जैसे महत्वपूर्ण विषय शामिल हैं। परीक्षा में कुल 100 प्रश्न होते हैं, जिनमें प्रत्येक प्रश्न 1 अंक का होता है। प्रत्येक गलत उत्तर के लिए 0.25 अंक की नकारात्मक अंकन व्यवस्था भी लागू है। अभ्यर्थी नीचे दिए गए लिंक से आधिकारिक UPSSSC लेखपाल सिलेबस PDF डाउनलोड कर सकते हैं:

UPSSSC लेखपाल परीक्षा अवलोकन 2026

जो उम्मीदवार वर्ष 2026 में UPSSSC लेखपाल परीक्षा में शामिल होने जा रहे हैं, उन्हें परीक्षा से संबंधित मूल विवरणों की जानकारी होना आवश्यक है। नीचे दी गई तालिका में पूरी जानकारी देखें:

पैरामीटरविवरण
भर्ती निकायUPSSSC
पद का नामराजस्व लेखपाल (Revenue Accountant)
कुल रिक्तियां7994
कार्यस्थलउत्तर प्रदेश
आवेदन का माध्यमऑनलाइन
चयन चरणPET योग्य – मुख्य लिखित परीक्षा
वेतन स्तरलेवल–3
आधिकारिक वेबसाइटwww.upsssc.gov.in

विषयवार यूपीएसएसएससी लेखपाल पाठ्यक्रम क्या है?

UPSSSC लेखपाल सिलेबस के लिए विषय-वार सिलेबस में महत्वपूर्ण विषय शामिल हैं जैसे संधि और सम्बंध, इतिहास और राष्ट्रीय आंदोलन, पंचायती राज, कंप्यूटर मूल बातें, उत्तर प्रदेश का इतिहास और सांस्कृतिक धरोहर, और भी कई। नीचे दी गई तालिका में आधिकारिक UPSSSC लेखपाल अधिसूचना में उल्लिखित महत्वपूर्ण विषयों का विवरण दिखाया गया है:

विषयप्रश्नों की संख्यामहत्वपूर्ण टॉपिक्स
सामान्य हिंदी10 प्रश्न / 10 अंकशासकीय, अर्ध-शासकीय, व्यक्तिगत व व्यावसायिक पत्र; कार्यालय आदेश, अधिसूचनाएं व परिपत्र; वर्ण एवं ध्वनि—उच्चारण, लेखन, स्वर-व्यंजन, ध्वनियों की पहचान व वर्गीकरण; शब्द रचना—संधि, समास, उपसर्ग, प्रत्यय; शब्द भेद—तत्सम, अर्धतत्सम, तद्भव, देशज, विदेशी; पद-परिचय—संज्ञा, सर्वनाम, विशेषण, क्रिया, क्रिया-विशेषण, संबंधबोधक, विस्मयादिबोधक, नकार; शब्दावली—पर्यायवाची, विलोम, शब्द-युग्म, एक-शब्द प्रतिस्थापन, उपयुक्त शब्द चयन; शब्द-शुद्धि; व्याकरण—कारक, लिंग, वचन, पुरुष, काल, वाच्य; वाक्य-विन्यास—सरल, संयुक्त, मिश्र; वाक्य-शुद्धि; विराम-चिह्नों का प्रयोग; मुहावरे
इतिहास एवं भारतीय राष्ट्रीय आंदोलन5 प्रश्न / 5 अंकभारतीय इतिहास के सामाजिक, सांस्कृतिक, आर्थिक व राजनीतिक पहलू; भारत में राष्ट्रवाद का उदय; स्वतंत्रता आंदोलन की प्रमुख घटनाएं; स्वतंत्रता संग्राम के महत्वपूर्ण नेता व संगठन; भारत की स्वतंत्रता
भारतीय राजव्यवस्था एवं संविधान5 प्रश्न / 5 अंकभारत में संवैधानिक विकास; भारतीय संविधान की विशेषताएं व संरचना; मौलिक अधिकार व कर्तव्य; राज्य के नीति-निर्देशक सिद्धांत; भारतीय राजनीतिक व शासन प्रणाली; केंद्र सरकार—राष्ट्रपति, संसद, प्रधानमंत्री; राज्य सरकार—राज्यपाल, विधानमंडल, मुख्यमंत्री; पंचायती राज व स्थानीय स्वशासन; लोक नीति निर्माण; आधिकारिक मुद्दे व सामुदायिक विकास
भारत एवं विश्व का भूगोलभारत का भौतिक, सामाजिक व आर्थिक भूगोल; कृषि व फसल पैटर्न; बागवानी व संबद्ध गतिविधियां; वन व वन्यजीव क्षेत्र; पशुपालन; जनसंख्या वितरण व नगरीकरण; स्मार्ट सिटी व स्मार्ट विलेज पहल; विश्व भूगोल—भौतिक विशेषताएं, प्रमुख जलवायु क्षेत्र, विश्व जनसंख्या पैटर्न, प्रमुख आर्थिक क्षेत्र
भारतीय अर्थव्यवस्था5 प्रश्न / 5 अंकभारत में आर्थिक नियोजन—उद्देश्य व उपलब्धियां; नीति आयोग की भूमिका; सतत विकास लक्ष्य (SDGs); सरकारी बजट के घटक; भारत की वित्तीय प्रणाली; कृषि व उद्योग का विकास; व्यापार व वाणिज्य; स्वतंत्रता पश्चात भूमि सुधार; वैश्वीकरण व उदारीकरण के प्रभाव; औद्योगिक नीति में परिवर्तन व उनका प्रभाव; अवसंरचना—विद्युत, बंदरगाह, सड़क, हवाई अड्डे व रेलवे
ग्रामीण समाज एवं ग्रामीण विकास5 प्रश्न / 5 अंकग्रामीण समाज की अवधारणा; भारतीय संदर्भ में ग्रामीण विकास; ग्रामीण विकास कार्यक्रम; योजनाएं व प्रबंधन; ग्रामीण विकास अनुसंधान प्रणाली; ग्रामीण स्वास्थ्य योजनाएं; ग्रामीण सामाजिक विकास; ग्रामीण भूमि सुधार; केंद्र व राज्य सरकार की ग्रामीण विकास योजनाएं
समसामयिक घटनाएं (करेंट अफेयर्स)5 प्रश्न / 25 अंकहाल की राष्ट्रीय घटनाएं; अंतरराष्ट्रीय घटनाक्रम; महत्वपूर्ण नीतियां, समझौते व प्रमुख वैश्विक घटनाएं
विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी5 प्रश्न / 5 अंकभारत की विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी नीति व अनुप्रयोग; राष्ट्रीय विकास व सुरक्षा में तकनीक की भूमिका; विज्ञान व तकनीक में भारतीय उपलब्धियां; तकनीक का स्वदेशीकरण; उभरती तकनीकें व नवाचार; अंतरिक्ष तकनीक; रक्षा तकनीक; ऊर्जा स्रोत तकनीक; नैनो-टेक्नोलॉजी का परिचय; सूक्ष्मजीवविज्ञान व जैव-प्रौद्योगिकी की मूल बातें; बौद्धिक संपदा अधिकार; डिजिटल अधिकार
पर्यावरण पारिस्थितिकी एवं आपदा प्रबंधन10 प्रश्न / 10 अंकपर्यावरण पारिस्थितिकी; पर्यावरण संरक्षण की अवधारणाएं; पारितंत्र व उनके प्रकार; वन्यजीव संरक्षण; जैव-विविधता का महत्व; पर्यावरण प्रदूषण व रोकथाम; पर्यावरणीय क्षरण; पर्यावरण प्रभाव आकलन; जलवायु परिवर्तन की मूल बातें; आपदा प्रबंधन—रोकथाम सिद्धांत, भारत में आपदा प्रबंधन, आपदा प्रबंधन अधिनियम 2005, NDMA, SDMA, NDRF, SDRF व अन्य एजेंसियां; वैश्विक प्रयास
डेटा इंटरप्रिटेशन (DI)10 प्रश्न / 10 अंकसांख्यिकीय आंकड़ों की व्याख्या; डेटा विश्लेषण; ग्राफ पढ़ना व समझना; बार, लाइन व पाई चार्ट; तालिकाएं व आरेख; डेटा से निष्कर्ष निकालना
कंप्यूटर एवं सूचना प्रौद्योगिकी15 प्रश्न / 15 अंककंप्यूटर, आईटी, इंटरनेट व WWW का इतिहास, परिचय व उपयोग; हार्डवेयर व सॉफ्टवेयर; इनपुट-आउटपुट डिवाइस; इंटरनेट प्रोटोकॉल व IP पता; आईटी गैजेट्स; ईमेल का निर्माण व संचालन; प्रिंटर, टैबलेट व मोबाइल का उपयोग; MS Word व MS Excel की मूल बातें; ऑपरेटिंग सिस्टम; सोशल नेटवर्किंग; ई-गवर्नेंस; डिजिटल वित्तीय उपकरण; साइबर सुरक्षा व भविष्य कौशल; AI, बिग डेटा, डीप लर्निंग, मशीन लर्निंग, IoT; शिक्षा व तकनीक में भारत की उपलब्धियां
उत्तर प्रदेश का सामान्य ज्ञान25 प्रश्न / 25 अंकउत्तर प्रदेश का इतिहास; संस्कृति व कला; वास्तुकला; त्यौहार; लोक नृत्य; साहित्य; क्षेत्रीय भाषाएं; विरासत, सामाजिक परंपराएं व पर्यटन; भौगोलिक परिदृश्य व पर्यावरण; प्राकृतिक संसाधन—जलवायु, मिट्टी व वन; वन्यजीव, खनिज व खदानें; अर्थव्यवस्था; कृषि; उद्योग; व्यापार व रोजगार; शासन व प्रशासन; उत्तर प्रदेश की वर्तमान घटनाएं व उपलब्धियां


मैं UPSSSC लेखपाल सिलेबस की तैयारी कैसे कर सकता हूँ?

UPSSSC लेखपाल परीक्षा 2026 की प्रभावी तैयारी के लिए अभ्यर्थियों को टॉपर्स की रणनीतियों का पालन करना चाहिए। नीचे दी गई तालिका में हमने UP लेखपाल 2022 में ऑल इंडिया रैंक 1 प्राप्त करने वाले हरिराम कुशवाह द्वारा अपनाई गई रणनीतियों को प्रस्तुत किया है। उन्होंने वर्ष 2020 में स्नातक, 2022 में बी.एड. और 2024 में हिंदी/सामाजिक विज्ञान में एम.ए. पूरा किया। लेखपाल परीक्षा में सफलता पाने के लिए उन्होंने जिन विभिन्न रणनीतियों को अपनाया, उन्हें नीचे देखें:

क्षेत्ररणनीति का विवरणदैनिक अध्ययन में कैसे लागू करें
मुख्य अध्ययन स्रोतकिताबें तैयारी का मूल आधार हों; ऑनलाइन स्रोत केवल सहायकवीडियो देखने से पहले मानक पुस्तकों से पूरा सिद्धांत पढ़ें
ऑनलाइन प्लेटफॉर्म का उपयोगYouTube, Google और ChatGPT का प्रयोग केवल अवधारणा स्पष्ट करने हेतुजब किताबों से विषय समझ न आए, तभी उपयोग करें
समय की बर्बादी से बचाव3–4 घंटे के लंबे MCQ मैराथन प्रभावी नहींप्रश्न स्वयं हल करें; समय बचेगा और याददाश्त बेहतर होगी
पहले सिद्धांत, फिर प्रश्नबिना सिद्धांत के MCQ का कोई मूल्य नहींप्रश्न हल करने से पहले सिद्धांत पूरी तरह समाप्त करें
शिक्षक का चयनजो शिक्षक स्पष्ट समझाए, उससे पढ़ें; एक पर अटके न रहेंविषय-वार स्पष्टता के आधार पर शिक्षक चुनें
पुस्तक चयनसीमित और प्रासंगिक पुस्तकों का ही पालन करेंयूथ प्रकाशन, घटना चक्र जैसी परीक्षा-उन्मुख किताबें चुनें
सिलेबस-आधारित अध्ययनसिलेबस सबसे महत्वपूर्ण दस्तावेज हैआधिकारिक सिलेबस में जो लिखा है, वही पढ़ें
PYQ विश्लेषणPYQ से वास्तविक परीक्षा मांग समझ आती हैसिद्धांत के बाद PYQ हल करें और दोहराए गए टॉपिक्स पहचानें
UP-विशिष्ट GKUP GK के प्रश्न अक्सर सरकारी स्रोतों से आते हैंUP सरकार की वेबसाइटें, योजनाएं, आदेश व संस्कृति नियमित पढ़ें
अध्ययन की गहराईपृष्ठभूमि, वर्तमान स्थिति, डेटा व रैंकिंग समझेंकेवल रटें नहीं; विषय को समग्र रूप से पढ़ें
करेंट व स्टैटिक संतुलनस्टैटिक विषय करंट से जुड़कर दोहरते हैंस्थिर विषयों को वर्तमान घटनाओं से जोड़ें
कंप्यूटर जागरूकताकिताबें बेसिक्स बताती हैं, नए टॉपिक्स छूट जाते हैंAI, IoT, बिग डेटा, डीप लर्निंग के लिए YouTube देखें
भीड़ मानसिकतालोकप्रिय शिक्षक/किताबें चयन की गारंटी नहींलोकप्रियता नहीं, परीक्षा-प्रासंगिकता देखें
रिवीजन रणनीतिछोटा व सटीक कंटेंट आसानी से दोहराया जा सकता हैसंक्षिप्त नोट्स बनाएं, जिन्हें परीक्षा तक दोहराया जा सके
मार्गदर्शित तैयारीसही मार्गदर्शन भ्रम व समय की बर्बादी घटाता हैस्पष्ट योजना अपनाएं—क्या पढ़ना है, क्या छोड़ना है
शुरुआती रणनीतिशुरुआती अभ्यर्थी ज्यादा रिसर्च न करेंपहले सिलेबस पूरा करें, फिर गहराई बढ़ाएं
निरंतरता व मेहनतचयन के लिए सतत प्रयास जरूरीरोज़ अनुशासित अध्ययन करें
चयनात्मक अध्ययनजहाँ प्रश्न बार-बार आते हैं, वहीं अधिक पढ़ेंPYQ से हाई-वेटेज टॉपिक्स पहचानें
निर्भरता बनाम आत्मनिर्भरतानिर्भरता सिलेबस पर हो, शिक्षकों पर नहींशिक्षकों को साधन मानें, सहारा नहीं
यूपी परीक्षा बैनर में ऑफर विवरण दिखा रहा है


UPSSSC लेखपाल सिलेबस के लिए विषयवार वेटेज क्या है?

UPSSSC लेखपाल सिलेबस के लिए विषयानुसार अंकांकित भार 5 – 20 के बीच भिन्न होता है। नीचे दी गई तालिका में विभिन्न विषयों और आवेदकों के लिए अंकों के भार को दर्शाया गया है:

विषयअंकवेटेज %मुख्य फोकस क्षेत्र
सामान्य हिंदी1010%व्याकरण, अपठित बोध, शब्दावली, त्रुटि पहचान
भारत का इतिहास एवं राष्ट्रीय आंदोलन55%राष्ट्रीय इतिहास, स्वतंत्रता संग्राम
भारतीय राजव्यवस्था एवं संविधान55%मौलिक अधिकार, स्थानीय शासन
भारत एवं विश्व का भूगोल55%भौतिक/सामाजिक भूगोल, संसाधन
भारतीय अर्थव्यवस्था एवं सामाजिक विकास55%अर्थव्यवस्था की मूल बातें, SDGs, योजना
ग्रामीण समाज एवं विकास55%ग्रामीण अवधारणाएं, योजनाएं, सामाजिक प्रणाली
समसामयिक घटनाएं (राष्ट्रीय व अंतरराष्ट्रीय)55%हाल की नीतियां, पुरस्कार, वैश्विक घटनाएं
विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी55%उपलब्धियां, तकनीकी मूल बातें, नवाचार
पर्यावरण पारिस्थितिकी एवं आपदा प्रबंधन1010%पारिस्थितिकी अवधारणाएं, आपदा प्रतिक्रिया
डेटा इंटरप्रिटेशन1010%ग्राफ, तालिकाएं, चार्ट, निष्कर्ष
कंप्यूटर एवं सूचना प्रौद्योगिकी1515%कंप्यूटर की मूल बातें, IT अनुप्रयोग
उत्तर प्रदेश से संबंधित सामान्य जानकारी2020%राज्य GK: इतिहास, भूगोल, योजनाएं

UPSSSC लेखपाल पाठ्यक्रम 2026 की मुख्य बातें

लेख के मुख्य बिंदुओं का संक्षेप नीचे दिया गया है। एक त्वरित अवलोकन के लिए इन्हें देखें:

  • UPSSSC लेखपाल सिलेबस में प्रशासनिक कौशल के साथ-साथ राज्य-विशेष ज्ञान को शामिल किया गया है।
  • लिखित परीक्षा में कुल 100 बहुविकल्पीय प्रश्न (MCQs) होते हैं, जो 100 अंकों के होते हैं।
  • परीक्षा की कुल अवधि 2 घंटे निर्धारित है।
  • प्रत्येक गलत उत्तर पर 0.25 अंक की नकारात्मक अंकन व्यवस्था लागू है।
  • उत्तर प्रदेश सामान्य ज्ञान (20 अंक) का वेटेज सबसे अधिक होता है।
  • कंप्यूटर एवं आईटी (15 अंक) एक प्रमुख स्कोरिंग सेक्शन माना जाता है।
  • डेटा इंटरप्रिटेशन (10 अंक) ने पारंपरिक गणित का स्थान ले लिया है।
  • सामान्य हिंदी (10 अंक) में व्याकरण और अपठित बोध पर विशेष ध्यान दिया जाता है।
  • सामान्य जागरूकता में इतिहास, राजव्यवस्था, भूगोल, अर्थव्यवस्था, विज्ञान, पर्यावरण और करंट अफेयर्स शामिल हैं।
  • पर्यावरण एवं आपदा प्रबंधन परीक्षा का एक महत्वपूर्ण फोकस क्षेत्र है।

FAQs

Q.1 UPSSSC लेखपाल परीक्षा 2026 में कुल कितने प्रश्न पूछे जाएंगे?

UPSSSC लेखपाल लिखित परीक्षा में कुल 100 बहुविकल्पीय प्रश्न (MCQs) पूछे जाते हैं, जो कुल 100 अंकों के होते हैं।

Q.2 क्या UPSSSC लेखपाल परीक्षा में नेगेटिव मार्किंग होती है?

हां, परीक्षा में प्रत्येक गलत उत्तर के लिए 0.25 अंक की नकारात्मक अंकन व्यवस्था लागू होती है।

Q.3 UPSSSC लेखपाल परीक्षा में किस विषय का वेटेज सबसे अधिक होता है?

उत्तर प्रदेश से संबंधित सामान्य ज्ञान का वेटेज सबसे अधिक होता है, जो कुल 20 अंकों का होता है।

Q.4 क्या UPSSSC लेखपाल सिलेबस में गणित शामिल है?

पारंपरिक गणित शामिल नहीं है। इसकी जगह डेटा इंटरप्रिटेशन (DI) को सिलेबस में शामिल किया गया है, जो 10 अंकों का होता है।

Q.5 UPSSSC लेखपाल सिलेबस की तैयारी के लिए किन विषयों पर विशेष ध्यान देना चाहिए?

उम्मीदवारों को उत्तर प्रदेश सामान्य ज्ञान, कंप्यूटर एवं आईटी, डेटा इंटरप्रिटेशन, सामान्य हिंदी और पर्यावरण एवं आपदा प्रबंधन जैसे उच्च वेटेज वाले विषयों पर विशेष ध्यान देना चाहिए।

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